माँ सरस्वती का परिचय
ज्ञान, संगीत, वाणी और कलाओं की अधिष्ठात्री माँ शारदा का पावन स्वरूप।
माँ सरस्वती ज्ञान, विद्या, वाणी, संगीत, कला और विवेक की अधिष्ठात्री देवी मानी जाती हैं। उनकी उपासना विशेष रूप से वसंत पंचमी, विद्यारम्भ और अध्ययन के अवसर पर की जाती है।
माँ सरस्वती का श्वेत स्वरूप निर्मलता और विवेक का प्रतीक है। वीणा संगीत और कला का, पुस्तक ज्ञान का तथा हंस विवेक का स्मरण कराता है।